|| अगला स्तर ||

मैंने बहुत कोशिस की रीति-रिवाजो मे ढलने की, लेकिन मै असफल हो गया, हृदय बरफ सी जम गयी रिवाजों के प्रति, मन से चैन उड़ने लगी, मस्तिष्क मे ज्वाला फटने लगी उस धर्म के विरुध्द सीमित दीवार ढाहने की| हूं सीमित को बताना चाहता असीमित हूं मै, जो ज्ञान-विज्ञान से लैस जाति को असीमित पार […]

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